Sunday, March 02, 2008

मुझे, जब विंडोज़ विस्टा की याद आयी

इस चिट्ठी में विंडोज़ विस्टा की चर्चा है।

यह कार्टून स्पैन पत्रिका की जनवरी- फरवरी २००८ अंक में निकला था और उन्हीं के सौजन्य से है।
मैं अध्यापिका हूं, गणित पढ़ाती हूं। मुझे काम की जगह से लैपटॉप मिला है। इस पर विंडोज़ विस्टा ऑपरेटिंग सिस्टम था। मैं इसके पहले डेस्कटॉप कंप्यूटर पर काम करती थी, जिस पर फेडोरा है। मुझे लैपटॉप पर काम करने में मुश्किल पड़ी।
  1. यह बहुत धीमा चलता था। किसी प्रोग्राम को चलाने के बाद बहुत देर तक इंतजार करना पड़ता था।
  2. लिनेक्स से विंडोज़ पर काम करना।
यह लैपटॉप मेरा नहीं है, इसलिये इस पर फेडोरा करवाना ठीक नहीं समझा। अन्त में, इन्होने इस पर इसे विंडोज़ विस्टा डाउनग्रेड कर विंडोज़ एक्स पी करवा दिया। इसमें वे सारे प्रोग्राम डाल दिये जिस पर मैं फिडोरा पर काम करती थी।

हमारे घर में हिन्दी की स्पैन पत्रिका आती है। इसके जनवरी - फरवरी २००८ के अंक में एक कार्टून निकला है जो कि इस प्रकार है।



इसके चित्र के टीवी सेट पर लिखा है,
'प्रस्तुत की जा रही फ़िल्म ऐसे फ़ॉरमैट में बनायी गयी है कि इसे सिर्फ नए और मंहगे टीवी सेट पर ही देखा जा सकता है'।
इन्होंने इसे मुझे दिखाया - बस इसी को देख कर मुझे अपने लैपटॉप पर विंडोज़ विस्टा की याद आयी :-)

उन्मुक्त की पुस्तकों के बारे में यहां पढ़ें।

2 comments:

  1. आप का ,अरे नही आप दुवारा प्रकाश्ति कार्टून बहुत पसंद आया,विंडोज विस्टा बेकार हे, अभी विंडोज एक्स पी ३( xp 3)आ रहा हे,

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  2. Anonymous4:36 PM

    yeh baat jyada samjh main nahi aayi !
    par Fedora toh chalana bahut muhkil hai aur windows chala behad aasan ,, windows vista toh windows xp se bhi assan hai !
    fir appko kya problem hui ?

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